सतना जिले के सरकारी स्कूलों में पढ़ने वाले छात्रों को तीन माह बाद भी गणवेश की राशि नहीं मिली। शिक्षा विभाग की देरी से गरीब बच्चे फटे पुराने कपड़ों में स्कूल जाने को मजबूर हैं। 300 रुपये में एक जोड़ी ड्रेस पर भी सवाल उठ रहे हैं।
छात्रों की पढ़ाई पर संकट! सतना समेत कई जिलों में एनसीईआरटी की किताबें उपलब्ध नहीं हैं। नई शिक्षा नीति के अनुरूप किताबें अब तक बाजार में नहीं आईं, जिससे कक्षा 5वीं और 8वीं के विद्यार्थी सबसे ज्यादा प्रभावित हैं। जानिए कारण और इसके दुष्परिणाम।














